हादसों वाले करीब 15 ब्लैक स्पॉट किए गए चिह्नित, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र के 170 से ज्यादा गांवों से होगा जमीन का अधिग्रहण
इंदौर। आगरा-मुंबई हाईवे पर इंदौर से महाराष्ट्र के पलासनेर के बीच सड़क को फोरलेन से बढ़ाकर सिक्स लेन करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। करीब 154 किलोमीटर लंबे इस मार्ग को चौड़ा करने का मुख्य उद्देश्य सड़क हादसों को कम करना है। इस हिस्से में करीब 15 ऐसे ब्लैक स्पॉट चिह्नित किए गए हैं, जहां अब तक 25 से अधिक हादसे हो चुके हैं। इन दुर्घटनाओं में कई लोगों की जान गई, जबकि कई लोग घायल हुए हैं।
अभी फोरलेन है पूरा मार्ग
इंदौर से पलासनेर तक फिलहाल हाईवे फोरलेन है। कुछ समय पहले सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित समिति ने इस मार्ग पर लगातार हो रहे हादसों को लेकर राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) से सुरक्षा के लिए उठाए जा रहे कदमों की जानकारी मांगी थी। अधिकारियों ने समिति को बताया कि सड़क को सिक्स लेन में बदलने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
इस परियोजना के लिए मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र के 170 से अधिक गांवों से जमीन का अधिग्रहण किया जाना है। जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद हाईवे को चौड़ा करने का काम आगे बढ़ेगा।
मध्य प्रदेश के चार जिलों की जमीन होगी अधिग्रहित
हाईवे चौड़ीकरण के लिए मध्य प्रदेश में इंदौर, धार, बड़वानी और खरगोन जिलों के गांवों से जमीन ली जाएगी। परियोजना के लिए भू-अर्जन अधिकारी की नियुक्ति भी की जाएगी, ताकि जमीन अधिग्रहण से जुड़ी प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सके।
महाराष्ट्र के करीब 9 गांव भी दायरे में
इंदौर-पलासनेर मार्ग का एक हिस्सा महाराष्ट्र से होकर गुजरता है। वहां करीब 9 गांव इस परियोजना के दायरे में आएंगे। सड़क को सिक्स लेन बनाने के लिए इन गांवों से भी आवश्यक जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा।
154 किलोमीटर के इस पूरे हिस्से में सड़क की चौड़ाई बढ़ने के साथ हादसों के लिहाज से संवेदनशील स्थानों पर भी सुधार किए जाने की योजना है।


