पुलिस बल और जवानों का मनोबल बढ़ाना सरकार की प्राथमिकता : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

पुलिस बल और जवानों का मनोबल बढ़ाना सरकार की प्राथमिकता : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

खंडवा में बनेगी नई पुलिस बटालियन, प्रदेश में तीन राज्य औद्योगिक सुरक्षा बल होंगे गठित; बैगा, भारिया और सहरिया युवाओं की विशेष कंपनियां बनेंगी

सागर। भोपाल के रविन्द्र भवन में सोमवार को पुलिस विभाग द्वारा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर पुलिस विभाग में नवीन भर्ती और लंबे समय से लंबित पदोन्नतियों का लाभ मिलने पर पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में उत्कृष्ट पुलिसिंग और सराहनीय कार्यों के लिए पुलिस अधिकारियों का सम्मान किया गया जिसमें सागर पुलिस के मोतीनगर थाना प्रभारी निरीक्षक जसवंत सिंह राजपूत भी शामिल रहें।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता पुलिस बल और पुलिसकर्मियों, दोनों का मनोबल बढ़ाना है। पुलिसकर्मी कानून-व्यवस्था बनाए रखने के दौरान अनेक चुनौतियों और तनाव का सामना करते हैं, इसलिए उनके परिश्रम को सम्मान और पुरस्कार मिलने का भरोसा जरूरी है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि पुलिस विभाग के 58 संवर्गों में रिकॉर्ड 27 हजार 534 अधिकारी-कर्मचारियों को पदोन्नति का लाभ दिया गया है। इनमें मैदानी स्तर पर 12 हजार 928 आरक्षक प्रधान आरक्षक तथा 5 हजार 171 प्रधान आरक्षक सहायक उपनिरीक्षक बने हैं। इसके अलावा 30 रक्षित निरीक्षक से उप पुलिस अधीक्षक बने हैं।

उन्होंने बताया कि वर्ष 2023 से अब तक विभिन्न संवर्गों में 14 हजार 704 से अधिक अभ्यर्थियों का चयन किया जा चुका है, जबकि 9 हजार 751 अतिरिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया जारी है। पुलिस बैंड और एफएसएल की भर्ती भी अंतिम चरण में है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आगामी दो वर्षों में आरक्षक और सब इंस्पेक्टर के शेष पदों पर भर्ती प्रक्रिया जल्द पूरी करने का प्रयास किया जाएगा।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेश के खंडवा में नई पुलिस बटालियन स्थापित करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि प्रदेश में तीन राज्य औद्योगिक सुरक्षा बल गठित किए जाएंगे, जिनमें पहले चरण में एक बल का गठन किया जाएगा। साथ ही विशेष पिछड़ी जनजातीय समूह (पीवीटीजी) में शामिल बैगा, भारिया और सहरिया युवाओं की विशेष पुलिस कंपनियां भी गठित की जाएंगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि खाकी वर्दी और कंधों पर सजे सितारे प्रदेश के साढ़े आठ करोड़ नागरिकों की सुरक्षा और विश्वास का प्रतीक हैं। पुलिसकर्मियों को ईमानदारी, संवेदनशीलता, अनुशासन और निष्पक्षता के साथ कार्य करते हुए जनता में पुलिस के प्रति विश्वास और अपराधियों में कानून का भय कायम करना चाहिए।

उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश पुलिस देशभक्ति, जनसेवा, साहस और प्रतिबद्धता के बल पर देशभर में अपनी अलग पहचान बना रही है। चंबल अंचल से दस्यु समस्या समाप्त करने और प्रदेश को नक्सलवाद से मुक्त कराने में पुलिस की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। मुख्यमंत्री ने पुलिसकर्मियों से अपनी ड्यूटी पूरी निष्ठा से करने का आह्वान करते हुए कहा कि सरकार उनके परिवार के कल्याण के लिए अपने दायित्व निभाएगी।

पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना ने बताया कि सब इंस्पेक्टर और सूबेदार पदों पर भर्ती के लिए वर्ष 2025 में नए नियम बनाए गए हैं। मुख्यमंत्री ने 7,500 नए पदों पर भर्ती प्रक्रिया को मंजूरी दी है। इस वर्ष 9,662 विभिन्न पदों पर भर्ती की स्वीकृति मिली है। हॉक फोर्स में 325 तथा विशेष सहयोगी दस्ते में 882 पदों पर भर्ती की गई है। पुलिस बैंड और एफएसएल में भी भर्ती प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।

सिंहस्थ 2028 को देखते हुए पुलिस विभाग की तैयारियों का उल्लेख करते हुए डीजीपी ने कहा कि पिछले दो वर्षों में पुलिस विभाग में 18 हजार से अधिक पदों पर नई नियुक्तियां हुई हैं। प्रशिक्षण के बाद यह पुलिस बल सिंहस्थ ड्यूटी के लिए उपलब्ध होगा।

समारोह में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नवीन भर्ती में चयनित पुलिसकर्मियों को नियुक्ति पत्र वितरित किए तथा पदोन्नत अधिकारियों और कर्मचारियों को बैज लगाए। पुलिस विभाग की ओर से मुख्यमंत्री का अभिनंदन पत्र भी प्रस्तुत किया गया।

कार्यक्रम में अपर मुख्य सचिव गृह विभाग संजय कुमार शुक्ल, स्पेशल डीजी सीआईडी पंकज श्रीवास्तव, आईजी एडमिन हरिनारायणचारी मिश्रा सहित बड़ी संख्या में पुलिस अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here